कार्तिक पूर्णिमा 2026 कब है? Kartik Purnima 2026 Date, मुहूर्त व पूजा विधि

✍️ लेखक: Team Khatuwalebaba.in📅 प्रकाशित: 16 अगस्त 2026🔄 अपडेट: 18 अक्टूबर 2026पंचांग स्रोतों से सत्यापित

सीधा जवाब

कार्तिक पूर्णिमा 2026 कब है?

📅 मंगलवार, 24 नवंबर 2026   ⏳ 25 दिन बाकी

  • 🕉️ कार्तिक शुक्ल पूर्णिमा — प्रारंभ: 23 नवंबर, 11:43 PM · समाप्त: 24 नवंबर, 8:24 PM
  • 🌅 सूर्योदय 6:53 AM · सूर्यास्त 5:33 PM

📌 23 नवंबर या 24 नवंबर? पूर्णिमा तिथि 23 नवंबर, 11:43 PM से 24 नवंबर, 8:24 PM तक रहेगी, इसलिए दोनों तारीखों को लेकर भ्रम रहता है। पंचांग के अनुसार कार्तिक पूर्णिमा मंगलवार, 24 नवंबर 2026 को मनाया जाएगा।

समय जयपुर (IST) के अनुसार; तिथि का समय खगोलीय गणना से। आपके शहर में कुछ मिनट का अंतर हो सकता है।

कार्तिक पूर्णिमा

कार्तिक पूर्णिमा 2026 कब है? Kartik Purnima 2026 Date, मुहूर्त व पूजा विधि

कार्तिक पूर्णिमा 2026 (Kartik Purnima 2026) 24 नवंबर 2026, मंगलवार को है। कार्तिक पूर्णिमा स्नान, दीपदान और मंदिर-आधारित परंपराओं से जुड़ी है। देव दीपावली का विशेष सार्वजनिक स्वरूप वाराणसी में प्रसिद्ध है।

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कार्तिक पूर्णिमा 2026 | Kartik Purnima 2026
जयपुर में पूर्णिमा की रात का दृश्य। फोटो: Pranavkoowal / Wikimedia Commons, CC BY-SA 4.0. चित्र सांकेतिक है।
पर्वकार्तिक पूर्णिमा / देव दीपावली
तारीख24 नवंबर 2026
पंचांग आधारकार्तिक पूर्णिमा
स्थान referenceJaipur / Rajasthan

📅 अगले वर्ष

कार्तिक पूर्णिमा 2027 कब है? — रविवार, 14 नवंबर 2027

कार्तिक शुक्ल पूर्णिमा

स्रोत: Drik Panchang — 2027 Hindu Festivals Calendar, जयपुर। 2027 के सभी व्रत-त्योहार →

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कार्तिक पूर्णिमा / देव दीपावली 2026 कब है? तारीख और पंचांग आधार

कार्तिक पूर्णिमा / देव दीपावली 2026 24 नवंबर 2026, मंगलवार को है। इसका पंचांग आधार कार्तिक पूर्णिमा है।

हिंदू पर्वों की तारीख और पूजा-काल में स्थानीय सूर्योदय, चंद्रोदय, तिथि-प्रवेश, प्रदोष या पर्व-विशेष नियमों के कारण शहर के अनुसार अंतर हो सकता है। इसलिए Jaipur/Rajasthan reference स्पष्ट रूप से अलग रखा गया है।

विवरण जानकारी ध्यान रखें
कार्तिक पूर्णिमा / देव दीपावली 2026 24 नवंबर 2026, मंगलवार Jaipur/Rajasthan reference
पंचांग आधार कार्तिक पूर्णिमा क्षेत्रानुसार पालन बदल सकता है
पूजा समय अपने शहर के Panchang से देखें जयपुर के अनुसार

कार्तिक पूर्णिमा / देव दीपावली क्या है? परंपरा को सही संदर्भ में समझें

पूर्णिमा से जुड़े व्रत और पूजा-पद्धतियाँ क्षेत्र, परिवार और उपास्य देवता के अनुसार बदलती हैं। चंद्र-दर्शन, स्नान, दान या सत्यनारायण पूजा कुछ घरों में प्रचलित हैं, लेकिन सभी स्थानों पर एक जैसी विधि नहीं है।

कार्तिक पूर्णिमा स्नान, दीपदान और मंदिर-आधारित परंपराओं से जुड़ी है। देव दीपावली का विशेष सार्वजनिक स्वरूप वाराणसी में प्रसिद्ध है। इस पेज का उद्देश्य किसी स्थानीय रीति को पूरे भारत के लिए अनिवार्य बताना नहीं है। शास्त्रीय उल्लेख, मंदिर-परंपरा, पारिवारिक विधि और लोक-परंपरा को एक-दूसरे के स्थान पर नहीं रखा गया है।

पंचांग से क्या तय होता है?

तिथि, वार और जहाँ आवश्यक हो वहाँ पूजा-काल। ये गणनाएँ स्थान-आधारित हो सकती हैं, इसलिए सटीक समय के लिए सही शहर चुनना महत्वपूर्ण है।

परिवार की परंपरा क्या तय करती है?

मंत्र, कथा, नैवेद्य, व्रत की कठोरता, दान और विस्तृत पूजा क्रम परिवार, क्षेत्र या संप्रदाय के अनुसार अलग हो सकता है।

कार्तिक पूर्णिमा / देव दीपावली पूजा विधि / पालन — सरल और प्रचलित क्रम

परंपरा संबंधी नोट: नीचे दिया गया क्रम सामान्य गृह-पालन के लिए सरल रूपरेखा है। इसे किसी एक शास्त्रीय संप्रदाय की सार्वभौमिक अनिवार्य विधि न मानें।
  1. स्नान के बाद पूजा-स्थान तैयार करें।
  2. अपने इष्टदेव या परिवार में प्रचलित पूर्णिमा पूजा करें।
  3. दीप, पुष्प और सात्त्विक नैवेद्य अर्पित किया जा सकता है।
  4. चंद्र-दर्शन की परंपरा हो तो स्थानीय चंद्रोदय समय देखें।
  5. दान या व्रत-पारण परिवार की परंपरा और स्वास्थ्य के अनुसार करें।

विस्तृत पूजा-विधियों के लिए पूजा विधि संग्रह देखें। यदि आपके परिवार में पुरोहित, गुरु या परंपरागत विधि है तो उसी को प्राथमिकता देना उचित है।

कार्तिक पूर्णिमा / देव दीपावली पूजा सामग्री — सामान्य सूची

इस पर्व के लिए पूरे भारत में एक जैसी अनिवार्य सामग्री-सूची मानना उचित नहीं है। नीचे सामान्य और उपयोगी सामग्री दी गई है; परिवार की परंपरा के अनुसार इसमें बदलाव हो सकता है।

सामान्य सामग्री

  • दीपक
  • पुष्प
  • जल
  • फल या सात्त्विक नैवेद्य
  • परिवार में प्रचलित पूजा सामग्री

क्या अनिवार्य नहीं मानना चाहिए?

  • किसी निश्चित संख्या में वस्तु रखना, जब तक आपकी परंपरा में स्पष्ट नियम न हो
  • महँगी सामग्री खरीदना
  • किसी वस्तु को निश्चित धन-लाभ या इच्छा-पूर्ति से जोड़ना
  • दूसरे क्षेत्र की सामग्री-सूची को अपने परिवार पर अनिवार्य रूप से लागू करना

कार्तिक पूर्णिमा / देव दीपावली की परंपराएँ — क्षेत्र और परिवार के अनुसार अंतर

भारत में एक ही पर्व का पालन अलग-अलग भाषाई, क्षेत्रीय और संप्रदायिक परंपराओं में अलग रूप से हो सकता है। कार्तिक पूर्णिमा / देव दीपावली के मामले में भी भोजन, व्रत, पूजा-सामग्री, कथा और मंदिर-आयोजन में अंतर मिल सकता है।

“यही एक सही विधि है” जैसी भाषा से बचना बेहतर है। यदि किसी किसी विशेष क्षेत्र की परंपरा बताई जाए तो उस region का नाम स्पष्ट करना चाहिए।

स्वास्थ्य संबंधी सावधानी: लंबा, निर्जला या कठोर उपवास हर व्यक्ति के लिए उपयुक्त नहीं हो सकता। दवा लेने वाले, गर्भवती महिलाएँ, बच्चे, वृद्ध या किसी स्वास्थ्य स्थिति वाले व्यक्ति चिकित्सकीय सलाह और अपनी क्षमता को प्राथमिकता दें।

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Kartik Purnima 2026 — Date & Panchang Summary

Kartik Purnima 2026 falls on November 24, 2026 for the Jaipur/Rajasthan reference used on this page. The traditional calendar basis is कार्तिक पूर्णिमा. Rituals, fasting practices and exact timings may vary by location and family tradition.

Location-specific timings should be checked for the city where the पालन is taking place. This page avoids using an unverified muhurta from another city.

कार्तिक पूर्णिमा / देव दीपावली 2026 — सामान्य प्रश्न

कार्तिक पूर्णिमा / देव दीपावली 2026 कब है?

कार्तिक पूर्णिमा / देव दीपावली 2026 24 नवंबर 2026, मंगलवार को है। इस page में Jaipur/Rajasthan reference को प्राथमिक रखा गया है।

कार्तिक पूर्णिमा / देव दीपावली किस तिथि से जुड़ा है?

यह कार्तिक पूर्णिमा से जुड़ा पालन है। स्थान और परंपरा के अनुसार पूजा समय या पालन में अंतर हो सकता है।

क्या कार्तिक पूर्णिमा / देव दीपावली की पूजा-विधि पूरे भारत में एक जैसी है?

नहीं। परिवार, क्षेत्र, मंदिर और संप्रदाय के अनुसार पूजा-विधि, नैवेद्य और व्रत की पद्धति बदल सकती है।

क्या Jaipur का मुहूर्त दूसरे शहर में उपयोग किया जा सकता है?

स्थान-आधारित पंचांग समय सीधे दूसरे शहर पर लागू नहीं करना चाहिए। सूर्योदय, चंद्रोदय और अन्य गणनाएँ शहर के अनुसार बदल सकती हैं।

कार्तिक पूर्णिमा / देव दीपावली से जुड़े अन्य पेज कहाँ देखें?

इस page के संबंधित उपयोगी पेज section में मासिक कैलेंडर, पूजा-विधि और संबंधित festival pages के links दिए गए हैं।

पंचांग स्रोत और सत्यापन

  1. Drik Panchang — Jaipur Hindu Calendar 2026 — Jaipur/Rajasthan date cross-check के लिए।
  2. Prokerala — संबंधित मासिक Hindu Calendar — festival-date cross-check के लिए। Exact timings default location के हो सकते हैं, इसलिए Jaipur मुहूर्त के रूप में सीधे उपयोग नहीं किए गए।

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