शीतला अष्टमी 2027 कब है? Sheetala Ashtami (Basoda) 2027 Date, मुहूर्त व पूजा विधि

✍️ लेखक: Team Khatuwalebaba.in📅 प्रकाशित: 16 अगस्त 2026🔄 अपडेट: 2 अक्टूबर 2026पंचांग स्रोतों से सत्यापित

सीधा जवाब

शीतला अष्टमी 2027 कब है?

📅 मंगलवार, 30 मार्च 2027   ⏳

  • 🕉️ चैत्र कृष्ण अष्टमी — प्रारंभ: 29 मार्च, 5:12 PM · समाप्त: 30 मार्च, 7:40 PM
  • 🌅 सूर्योदय 6:20 AM · सूर्यास्त 6:42 PM

📌 29 मार्च या 30 मार्च? अष्टमी तिथि 29 मार्च, 5:12 PM से 30 मार्च, 7:40 PM तक रहेगी, इसलिए दोनों तारीखों को लेकर भ्रम रहता है। पंचांग के अनुसार शीतला अष्टमी मंगलवार, 30 मार्च 2027 को मनाया जाएगा।

समय जयपुर (IST) के अनुसार; तिथि का समय खगोलीय गणना से। आपके शहर में कुछ मिनट का अंतर हो सकता है।

चैत्र कृष्ण अष्टमी

शीतला अष्टमी 2027 कब है? Sheetala Ashtami (Basoda) 2027 Date, मुहूर्त व पूजा विधि

शीतला अष्टमी 2027 (Sheetala Ashtami 2027) 30 मार्च 2027, मंगलवार को है। शीतला अष्टमी, जिसे कई स्थानों पर बसोड़ा कहा जाता है, शीतला माता की क्षेत्रीय उपासना और पहले से तैयार भोजन की परंपराओं से जुड़ी है।

शीतला अष्टमी 2027 | Sheetala Ashtami 2027
शीतला माता मंदिर का सांकेतिक दृश्य। फोटो: VikrantChoudhary5550 / Wikimedia Commons, CC BY-SA 4.0. चित्र सांकेतिक है।
पर्वशीतला अष्टमी / बसोड़ा
तारीख30 मार्च 2027
पंचांग आधारचैत्र कृष्ण अष्टमी
स्थान referenceJaipur / Rajasthan

इस पेज पर क्या मिलेगा

शीतला अष्टमी / बसोड़ा 2027 कब है? तारीख और पंचांग आधार

शीतला अष्टमी / बसोड़ा 2027 30 मार्च 2027, मंगलवार को है। इसका पंचांग आधार चैत्र कृष्ण अष्टमी है।

हिंदू पर्वों की तारीख और पूजा-काल में स्थानीय सूर्योदय, चंद्रोदय, तिथि-प्रवेश, प्रदोष या पर्व-विशेष नियमों के कारण शहर के अनुसार अंतर हो सकता है। इसलिए Jaipur/Rajasthan reference स्पष्ट रूप से अलग रखा गया है।

विवरण जानकारी ध्यान रखें
शीतला अष्टमी / बसोड़ा 2027 30 मार्च 2027, मंगलवार Jaipur/Rajasthan reference
पंचांग आधार चैत्र कृष्ण अष्टमी क्षेत्रानुसार पालन बदल सकता है
पूजा समय अपने शहर के Panchang से देखें जयपुर के अनुसार

शीतला अष्टमी / बसोड़ा क्या है? परंपरा को सही संदर्भ में समझें

शीतला अष्टमी/बसोड़ा राजस्थान और उत्तर भारत की कई स्थानीय परंपराओं में शीतला माता की पूजा से जुड़ी है। पहले दिन भोजन बनाकर अगले दिन ग्रहण करने जैसी रीति कुछ क्षेत्रों में मिलती है, लेकिन यह सार्वभौमिक नियम नहीं है।

शीतला अष्टमी, जिसे कई स्थानों पर बसोड़ा कहा जाता है, शीतला माता की क्षेत्रीय उपासना और पहले से तैयार भोजन की परंपराओं से जुड़ी है। इस पेज का उद्देश्य किसी स्थानीय रीति को पूरे भारत के लिए अनिवार्य बताना नहीं है। शास्त्रीय उल्लेख, मंदिर-परंपरा, पारिवारिक विधि और लोक-परंपरा को एक-दूसरे के स्थान पर नहीं रखा गया है।

पंचांग से क्या तय होता है?

तिथि, वार और जहाँ आवश्यक हो वहाँ पूजा-काल। ये गणनाएँ स्थान-आधारित हो सकती हैं, इसलिए सटीक समय के लिए सही शहर चुनना महत्वपूर्ण है।

परिवार की परंपरा क्या तय करती है?

मंत्र, कथा, नैवेद्य, व्रत की कठोरता, दान और विस्तृत पूजा क्रम परिवार, क्षेत्र या संप्रदाय के अनुसार अलग हो सकता है।

शीतला अष्टमी / बसोड़ा पूजा विधि / पालन — सरल और प्रचलित क्रम

परंपरा संबंधी नोट: नीचे दिया गया क्रम सामान्य गृह-पालन के लिए सरल रूपरेखा है। इसे किसी एक शास्त्रीय संप्रदाय की सार्वभौमिक अनिवार्य विधि न मानें।
  1. अष्टमी तिथि की पुष्टि करें।
  2. शीतला माता की पूजा परिवार की परंपरा के अनुसार करें।
  3. दीप, पुष्प और स्थानीय नैवेद्य अर्पित किया जा सकता है।
  4. पहले से बने भोजन की परंपरा हो तो food safety का ध्यान रखें।
  5. मंदिर-दर्शन में स्थानीय समय और भीड़ व्यवस्था जाँचें।

विस्तृत पूजा-विधियों के लिए पूजा विधि संग्रह देखें। यदि आपके परिवार में पुरोहित, गुरु या परंपरागत विधि है तो उसी को प्राथमिकता देना उचित है।

शीतला अष्टमी / बसोड़ा पूजा सामग्री — सामान्य सूची

इस पर्व के लिए पूरे भारत में एक जैसी अनिवार्य सामग्री-सूची मानना उचित नहीं है। नीचे सामान्य और उपयोगी सामग्री दी गई है; परिवार की परंपरा के अनुसार इसमें बदलाव हो सकता है।

सामान्य सामग्री

  • दीपक
  • पुष्प
  • जल
  • स्थानीय परंपरा का नैवेद्य
  • स्वच्छ और सुरक्षित रूप से रखा भोजन जहाँ यह रीति हो

क्या अनिवार्य नहीं मानना चाहिए?

  • किसी निश्चित संख्या में वस्तु रखना, जब तक आपकी परंपरा में स्पष्ट नियम न हो
  • महँगी सामग्री खरीदना
  • किसी वस्तु को निश्चित धन-लाभ या इच्छा-पूर्ति से जोड़ना
  • दूसरे क्षेत्र की सामग्री-सूची को अपने परिवार पर अनिवार्य रूप से लागू करना

शीतला अष्टमी / बसोड़ा की परंपराएँ — क्षेत्र और परिवार के अनुसार अंतर

भारत में एक ही पर्व का पालन अलग-अलग भाषाई, क्षेत्रीय और संप्रदायिक परंपराओं में अलग रूप से हो सकता है। शीतला अष्टमी / बसोड़ा के मामले में भी भोजन, व्रत, पूजा-सामग्री, कथा और मंदिर-आयोजन में अंतर मिल सकता है।

“यही एक सही विधि है” जैसी भाषा से बचना बेहतर है। यदि किसी किसी विशेष क्षेत्र की परंपरा बताई जाए तो उस region का नाम स्पष्ट करना चाहिए।

स्वास्थ्य संबंधी सावधानी: लंबा, निर्जला या कठोर उपवास हर व्यक्ति के लिए उपयुक्त नहीं हो सकता। दवा लेने वाले, गर्भवती महिलाएँ, बच्चे, वृद्ध या किसी स्वास्थ्य स्थिति वाले व्यक्ति चिकित्सकीय सलाह और अपनी क्षमता को प्राथमिकता दें।

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Sheetala Ashtami 2027 — Date & Panchang Summary

Sheetala Ashtami 2027 falls on March 30, 2027 for the Jaipur/Rajasthan reference used on this page. The traditional calendar basis is चैत्र कृष्ण अष्टमी. Rituals, fasting practices and exact timings may vary by location and family tradition.

Location-specific timings should be checked for the city where the पालन is taking place. This page avoids using an unverified muhurta from another city.

शीतला अष्टमी / बसोड़ा 2027 — सामान्य प्रश्न

शीतला अष्टमी / बसोड़ा 2027 कब है?

शीतला अष्टमी / बसोड़ा 2027 30 मार्च 2027, मंगलवार को है। इस page में Jaipur/Rajasthan reference को प्राथमिक रखा गया है।

शीतला अष्टमी / बसोड़ा किस तिथि से जुड़ा है?

यह चैत्र कृष्ण अष्टमी से जुड़ा पालन है। स्थान और परंपरा के अनुसार पूजा समय या पालन में अंतर हो सकता है।

क्या शीतला अष्टमी / बसोड़ा की पूजा-विधि पूरे भारत में एक जैसी है?

नहीं। परिवार, क्षेत्र, मंदिर और संप्रदाय के अनुसार पूजा-विधि, नैवेद्य और व्रत की पद्धति बदल सकती है।

क्या Jaipur का मुहूर्त दूसरे शहर में उपयोग किया जा सकता है?

स्थान-आधारित पंचांग समय सीधे दूसरे शहर पर लागू नहीं करना चाहिए। सूर्योदय, चंद्रोदय और अन्य गणनाएँ शहर के अनुसार बदल सकती हैं।

शीतला अष्टमी / बसोड़ा से जुड़े अन्य पेज कहाँ देखें?

इस page के संबंधित उपयोगी पेज section में मासिक कैलेंडर, पूजा-विधि और संबंधित festival pages के links दिए गए हैं।

पंचांग स्रोत और सत्यापन

  1. Drik Panchang — Jaipur-specific शीतला अष्टमी / बसोड़ा page — date/time verification के लिए।
  2. Drik Panchang — Jaipur Hindu Calendar 2027 — Jaipur/Rajasthan date cross-check के लिए।
  3. Prokerala — संबंधित मासिक Hindu Calendar — festival-date cross-check के लिए। Exact timings default location के हो सकते हैं, इसलिए Jaipur मुहूर्त के रूप में सीधे उपयोग नहीं किए गए।

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