विवरण
घर पर सम्पूर्ण नवरात्रि पूजा — पहली बार करने वालों के लिए भी आसान
घटस्थापना कब करें, कलश कैसे रखें, किस दिन कौन-सी देवी, क्या भोग, कन्या पूजन कैसे — नौ दिन की हर उलझन का जवाब एक ही PDF में, सरल हिंदी में। Pandit ji को बार-बार फ़ोन करने की ज़रूरत नहीं।
नवरात्रि 2026 — मुख्य तारीखें (जयपुर पंचांग)
| अवसर | तारीख | समय |
|---|---|---|
| घटस्थापना · शैलपुत्री पूजा | रविवार, 11 अक्टूबर | सुबह 6:24 – 10:17 (अभिजित 11:50 – 12:37) |
| दुर्गा अष्टमी + महानवमी | सोमवार, 19 अक्टूबर | संधि पूजा 10:27 – 11:15 AM |
| पारण · विसर्जन · दशहरा | मंगलवार, 20 अक्टूबर | — |
स्रोत: Drik Panchang, Jaipur 2026। इस वर्ष सप्तमी दो दिन है और अष्टमी-नवमी एक ही दिन — ई-बुक में पूरा दिन-प्रतिदिन क्रम दिया गया है। दूसरे शहरों में समय कुछ मिनट बदल सकता है। पूरी तारीखें: नवरात्रि 2026 तिथियाँ।
इस ई-बुक में क्या है — 12 अध्याय
11 से 20 अक्टूबर — तिथि, देवी, रंग; इस वर्ष की “सप्तमी वृद्धि” की सरल व्याख्या।
सही समय, मुहूर्त छूट जाए तो क्या करें, एक दिन पहले की तैयारी।
कलश, जौ, अखंड ज्योति, लाल चुनरी — क्या और क्यों, ताकि पूजा भाव से हो।
चौकी का नक्शा, जौ बोने का सही तरीका, संकल्प के शब्द।
नवार्ण मंत्र, 9 दिन में दुर्गा सप्तशती पूरा करने का आसान क्रम।
शैलपुत्री से सिद्धिदात्री — स्वरूप, मंत्र और प्रचलित भोग।
क्या खाएँ, क्या नहीं; साबूदाना खिचड़ी, कुट्टू पूरी, मखाना खीर।
कन्या पूजन के 5 चरण और घर पर 20 मिनट का संक्षिप्त हवन।
जवारों का पर्यावरण-अनुकूल विसर्जन, शमी व शस्त्र पूजा।
नौकरी, हॉस्टल या परिवार से दूर रहने वालों के लिए।
“जय अम्बे गौरी” — पूरे शब्द, बड़े अक्षरों में।
आम गलतियाँ और सबसे ज़्यादा पूछे जाने वाले सवाल।
अंदर की एक झलक
दिन 4 · माँ कूष्मांडा — 14 अक्टूबर
मान्यता है कि अपनी मंद मुस्कान से ब्रह्मांड की रचना की; आठ भुजाएँ, सूर्य-मंडल में निवास। ऊर्जा और स्वास्थ्य की देवी।
भोग: मालपुआ · रंग: रॉयल ब्लू
किसके लिए है यह ई-बुक?
- पहली बार घटस्थापना करने वाले
- नई बहुएँ व नए परिवार
- घर से दूर नौकरी/हॉस्टल में रहने वाले
- बुज़ुर्गों के लिए बड़े अक्षर वाला प्रिंट चाहने वाले
- बच्चों को परंपरा का अर्थ समझाना चाहने वाले
- व्रत रखने वाले
फ़्री जानकारी बनाम यह ई-बुक
| इंटरनेट पर बिखरी जानकारी | यह ई-बुक | |
|---|---|---|
| सब कुछ एक जगह | 10 अलग वेबसाइट/वीडियो | ✓ 18 पृष्ठ, क्रम से |
| 2026 की सही तारीखें | कई जगह अलग-अलग | ✓ द्रिक पंचांग से मिलान |
| बिना इंटरनेट/प्रिंट | नहीं | ✓ फ़ोन में सेव या A5 प्रिंट |
| विज्ञापन | हर पेज पर | ✓ कोई विज्ञापन नहीं |
| चीज़ों का अर्थ व कारण | शायद ही | ✓ हर सामग्री का अर्थ |
ख़रीदने के बाद क्या मिलेगा?
भुगतान पूरा होते ही ऑर्डर पेज पर डाउनलोड बटन।
वही लिंक आपके ईमेल पर भी, ताकि बाद में फिर डाउनलोड कर सकें।
मोबाइल पर पढ़ें, या A5/A4 पर प्रिंट कर पूजा स्थान पर रखें।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
ई-बुक किस फ़ॉर्मेट में है?
PDF, 18 पृष्ठ, A5 आकार। किसी भी मोबाइल, टैबलेट या कंप्यूटर पर खुलती है और प्रिंट भी हो सकती है।
भुगतान के बाद ई-बुक कैसे मिलेगी?
भुगतान पूरा होते ही ऑर्डर कन्फ़र्मेशन पेज पर डाउनलोड लिंक दिखेगा और वही लिंक आपके ईमेल पर भी आएगा।
क्या यह मेरे शहर के लिए सही है?
तिथियाँ पूरे भारत के लिए समान हैं। मुहूर्त का घड़ी-समय जयपुर पंचांग अनुसार है; दूसरे शहरों में कुछ मिनट का अंतर हो सकता है, जिसका तरीका ई-बुक में बताया गया है।
पूजा की परंपरा मेरे परिवार में अलग है तो?
ई-बुक प्रचलित गृहस्थ विधि बताती है और जगह-जगह लिखा है कि परिवार की परंपरा को प्राथमिकता दें।
क्या इसमें दुर्गा सप्तशती का पूरा पाठ है?
नहीं। ई-बुक में सप्तशती को नौ दिन में पूरा करने का क्रम, नवार्ण मंत्र, नौ देवियों के मंत्र और पूरी आरती है। सप्तशती पाठ के लिए अलग पुस्तक लें।
डाउनलोड में समस्या हो तो?
हमें संपर्क पेज से अपना ऑर्डर नंबर भेजें।
₹49 में पूरे नौ दिन की पूजा-गाइड। ऊपर “Add to cart” दबाएँ।
दीपावली भी आ रही है: दीपावली लक्ष्मी पूजन विधि 2026 ई-बुक
आधार: परंपरागत मंत्र व आरती (सार्वजनिक), प्रचलित गृहस्थ पूजा-पद्धति; तिथियाँ — Drik Panchang 2026। सभी विवरण KhatuWaleBaba.in द्वारा अपने शब्दों में लिखे गए हैं। धार्मिक जानकारी हेतु; विशेष अनुष्ठान के लिए अपने पंडित जी से परामर्श करें।




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