जून 2027 व्रत-त्योहार | June 2027 Hindu Calendar — वट सावित्री, गंगा दशहरा, निर्जला एकादशी
जून 2027 में वट सावित्री व्रत और शनि जयंती (4 जून), गंगा दशहरा (13 जून), निर्जला एकादशी (14 जून), वट पूर्णिमा (18 जून) और योगिनी एकादशी (30 जून) प्रमुख पर्व हैं।
इस पेज पर क्या मिलेगा
- पूरी व्रत-त्योहार सूची
- मुख्य पर्व विस्तार से
- तारीख अलग क्यों दिखती है
- खाटू श्याम यात्रा
- सामान्य प्रश्न
- स्रोत
जून 2027 व्रत-त्योहार की पूरी सूची — तारीख, दिन और तिथि
नीचे जून 2027 के प्रमुख व्रत, पर्व, एकादशी, पूर्णिमा-अमावस्या और संक्रांति दी गई हैं। क्षेत्रीय परंपराओं में अंतर संभव है।
| तारीख | दिन | व्रत / त्योहार | तिथि / आधार |
|---|---|---|---|
| 1 जून | मंगलवार | अपरा एकादशी | ज्येष्ठ कृष्ण एकादशी |
| 4 जून | शुक्रवार | वट सावित्री व्रत, शनि जयंती, ज्येष्ठ अमावस्या | ज्येष्ठ कृष्ण अमावस्या |
| 13 जून | रविवार | गंगा दशहरा | ज्येष्ठ शुक्ल दशमी |
| 14 जून | सोमवार | निर्जला एकादशी | ज्येष्ठ शुक्ल एकादशी |
| 15 जून | मंगलवार | मिथुन संक्रांति | सूर्य संक्रमण |
| 18 जून | शुक्रवार | वट पूर्णिमा व्रत, ज्येष्ठ पूर्णिमा | ज्येष्ठ शुक्ल पूर्णिमा |
| 30 जून | बुधवार | योगिनी एकादशी | आषाढ़ कृष्ण एकादशी |
जून 2027 के प्रमुख पर्व
वट सावित्री व्रत और शनि जयंती — शुक्रवार, 4 जून
ज्येष्ठ अमावस्या को उत्तर भारत में विवाहित महिलाएँ पति की दीर्घायु के लिए वट (बरगद) वृक्ष की पूजा और परिक्रमा करती हैं — सावित्री-सत्यवान की कथा से जुड़ा यह व्रत बहुत प्रचलित है। इसी दिन शनि जयंती भी मनाई जाती है। विधि: वट सावित्री पूजा विधि · शनि पूजा विधि।
गंगा दशहरा — रविवार, 13 जून
ज्येष्ठ शुक्ल दशमी को माँ गंगा के पृथ्वी पर अवतरण का पर्व माना जाता है। इस दिन गंगा स्नान, दस वस्तुओं के दान और जल-सेवा की परंपरा है। विधि: गंगा दशहरा पूजा विधि।
निर्जला एकादशी — सोमवार, 14 जून
वर्ष की सबसे कठिन एकादशी, जिसमें अन्न के साथ जल भी नहीं लिया जाता। 2027 में पारण 15 जून सुबह 8:13 से 8:18 बजे — केवल 5 मिनट का है, इसलिए तैयारी पहले से रखें। जून की गर्मी में स्वास्थ्य संबंधी सावधानियाँ ज़रूर पढ़ें: निर्जला एकादशी 2027।
वट पूर्णिमा व्रत — शुक्रवार, 18 जून
महाराष्ट्र, गुजरात और दक्षिण भारत में वट सावित्री व्रत अमावस्या के बजाय ज्येष्ठ पूर्णिमा को रखा जाता है — इसे वट पूर्णिमा कहते हैं। विधि: वट पूर्णिमा पूजा विधि।
योगिनी एकादशी — बुधवार, 30 जून
आषाढ़ कृष्ण एकादशी को योगिनी एकादशी का व्रत रखा जाता है। योगिनी एकादशी।
गर्मी में व्रत और जल-सेवा
जून के दोनों बड़े व्रत — वट सावित्री और निर्जला एकादशी — साल की सबसे तेज़ गर्मी में आते हैं। परंपरा में इस महीने प्याऊ लगाना, राहगीरों को पानी-शर्बत पिलाना, मिट्टी का घड़ा, पंखा और छाता दान करना बहुत पुण्यदायी माना जाता है। व्रत रखने वाले बुज़ुर्ग, गर्भवती महिलाएँ और दवा लेने वाले लोग कठोर निर्जल व्रत के बजाय फलाहार चुनें — भाव से किया गया व्रत भी मान्य माना जाता है। दिन में धूप से बचें, और व्रत खोलते समय पहले थोड़ा जल लेकर फिर हल्का भोजन करें।
एक ही त्योहार की तारीख अलग क्यों दिखाई देती है?
हिंदू तिथि सूर्य और चंद्रमा की स्थिति से तय होती है, इसलिए कोई तिथि किसी दिन दोपहर में शुरू होकर अगले दिन तक चल सकती है। कई व्रत उस दिन रखे जाते हैं जब सूर्योदय के समय तिथि हो, जबकि कुछ पर्व (जैसे जन्माष्टमी या महाशिवरात्रि) मध्यरात्रि की तिथि से तय होते हैं। इसी कारण अलग-अलग शहरों और पंचांगों में एक दिन का अंतर दिख सकता है। इस पेज की तारीखें जयपुर के लिए हैं — दूसरी वेबसाइट पर तारीख अलग दिखे तो पहले देखें कि वहाँ कौन-सा शहर चुना गया है।
खाटू श्याम जी यात्रा — जून 2027
जून में राजस्थान में भीषण गर्मी रहती है और महीने के अंत में मानसून की शुरुआत हो सकती है। निर्जला एकादशी (14 जून) पर खाटू में भक्तों की भीड़ रहती है — निर्जल व्रत रखकर धूप में लंबी कतार में खड़े होना जोखिम भरा हो सकता है, इसलिए सुबह जल्दी दर्शन करें और साथ के यात्रियों के लिए पानी रखें। जून में दर्शन का सबसे आरामदायक समय सुबह 4:30 से 9 बजे और शाम 5 बजे के बाद है।
यात्रा की तैयारी: खाटू श्याम जी मंदिर — दर्शन समय व पूरी जानकारी · एकादशी कैलेंडर · धर्मशालाएँ · खाटू कैसे पहुँचें
जून 2027 — सामान्य प्रश्न
निर्जला एकादशी 2027 कब है?
निर्जला एकादशी सोमवार, 14 जून 2027 को है; पारण 15 जून सुबह 8:13 से 8:18 बजे के बीच है (जयपुर)।
वट सावित्री व्रत 2027 कब है?
उत्तर भारत में वट सावित्री व्रत शुक्रवार, 4 जून 2027 (ज्येष्ठ अमावस्या) को है; वट पूर्णिमा व्रत 18 जून को है।
गंगा दशहरा 2027 कब है?
गंगा दशहरा रविवार, 13 जून 2027 को ज्येष्ठ शुक्ल दशमी के दिन है।
शनि जयंती 2027 कब है?
शनि जयंती शुक्रवार, 4 जून 2027 को ज्येष्ठ अमावस्या के दिन है।
स्रोत और सत्यापन
Drik Panchang — 2027 Hindu Festivals Calendar, Jaipur; Drik Panchang — Ekadashi, Purnima व Amavasya Dates 2027, Jaipur। सत्यापन: सितंबर 2026।
हर महीने आने वाले व्रत: सोमवती अमावस्या · कालाष्टमी व्रत · मंगला गौरी व्रत · मासिक शिवरात्रि व्रत · प्रदोष व्रत · संकष्टी चतुर्थी व्रत · एकादशी · अमावस्या · पूर्णिमा
📅 पूरे साल की सूची — कौन-सा व्रत-त्योहार कब है? 2026-27 (तारीख सहित) →